मॉं गंगे - डॉ० मौसमी सिन्हा


मिशन गंगा रचनाकार संख्‍या -86



मां गंगा
नमामि गंगे नमो नमः
कल कल करती तेरी अमृतधारा
लगे मधुर जलतरंग की माया
तेरी भोर की छटा लगे
 साक्छात् भैरवी की माया
शाम जैसे मुलतानी सुनाती
कहीं पवन में जयजैवन्ती मदमाती
तेरा रुप अनुपम माते!
जैसे श्याम की मुरली में
वसन्त बाजे
मां औषधि है तु,
तु ही कलुषनाशिनी,
दुष्टों के लिये प्रलयकारिनी,
सत्-जनों की पालनकारिनी
मुनीगण वंदिता, भूमिलोक पूजिता
मां तुम्हें कोटिशः प्रणाम!
तेरी स्वच्छता का प्रण लेते
हम मानव , "मौसम". 
तेरे चरणों में 
करते समर्पण!!!
नमामि गंगे 
नमो नमः!!!!!!!

 

डॉ० मौसमी सिन्हा
बैंक रोड, गान्धी मैदान,
पटना 800001